0


पटना 11जुलाई2016बिहार के मोस्ट वांटेड मुकेश पाठक को एसटीएफ ने सोमवार को गिरफ्तार कर लिया। झारखंड के रामगढ़ में दबोचे गए कुख्यात को बिहार लाया जा रहा है। दिसम्बर में दरभंगा के बहेड़ी में दो इंजीनियरों की हत्या के बाद मुकेश पाठक सुर्खियों में आया था। आईजी ऑपरेशन कुंदन कृष्णन के नेतृत्व में एसटीएफ उसे दबोचने में लगी थी। एडीजी मुख्यालय सुनील कुमार ने बताया कि मुकेश पाठक को रामगढ़ से सोमवार को गिरफ्तार किया गया। उसपर 16 से ज्यादा मामले दर्ज हैं। वह स्वयं को बिहार पीपुल्स लिब्रेशन आर्मी का अग्रणी कमांडर मानता था। सभी मामलों में पुलिस उसे रिमांड पर लेगी। उन्होंने कहा कि मुकेश पाठक के खिलाफ काफी सबूत हैं। जल्द अनुसंधान पूरा कर स्पीटी ट्रायल कराया जाएगा। एडीजी के मुताबिक लगातार इनपुट मिलने के बाद मुकेश को एसटीएफ ने गिरफ्तार किया। उसे पकड़ना बेहद मुश्किल था क्योंकि वह हुलिया बदलने में माहिर है। फरारी में भी वह निर्माण कंपनियों से रंगदारी की मांग कर रहा था। एडीजी ने उम्मीद जताई कि उसकी गिरफ्तारी के बाद निर्माण कंपनियों पर हमले और रंगदारी की मांग बंद होगी। मुकेश पाठक कुख्यात संतोष झा गैंग की कमान संभाल रहा था। पिछले साल 26 दिसम्बर को उसने साथियों के साथ मिलकर दरभंगा में सड़क निर्माण में लगी कंपनी के दो इंजीनियरों की हत्या कर दी थी। इससे पहले दिसम्बर में ही शिवहर में बिजली कंपनी के सुपरवाइजर की हत्या में भी उसका नाम आया था। मुकेश के खिलाफ दरभंगा के अलावा मोतिहारी, सीतामढ़ी, शिवहर और गोपालगंज में हत्या, रंगदारी, हत्या के प्रयास, आर्म्स एक्ट और महिला अत्याचार के मामले दर्ज हैं। कैद रहते हुए इसने जेल में बंद एक महिला से शादी रचाई थी। 22 जुलाई 2015 को मुकेश पुलिस हिरासत में शिवहर अस्पताल से फरार हो गया था। इंजीनियर हत्याकांड के बाद सरकार ने उसपर एक लाख का इनाम घोषित कर रखा था।

Post a Comment Blogger Disqus

 
Top