0
http://i.huffpost.com/gen/3864294/images/o-REPUBLIC-DAY-PARADE-facebook.jpgनयी दिल्ली -- 26 जनवरी गणतंत्र दिवस परेड में तीनों सेनाओं में से असम रेजीमेंट के मार्चिंग दस्ते को सर्वश्रेष्ठ दस्ता चुना गया है। पूर्वोत्तर भारत के सात राज्यों के 149 जवानों वाले इस दस्ते का नेतृत्व लेफ्टिनेंट आदित्य बिष्ट कर रहे थे। असम रेजीमेंट को उसके प्लेटिनम जयंती वर्ष की शुरुआत में यह प्रभावशाली सम्मान मिला है।
असम रेजीमेंट का गठन 15 जून 1941 को किया गया था। इसमें पूर्वोत्तर के सात राज्यों से सैनिकों को शामिल किया जाता है। रेजीमेंट का प्रतीक चिन्ह सींग वाला गैंडा आक्रामकता, दृढ़ संकल्प और युद्धकौशल जैसे गुणों को दर्शाता है।

 1941 में द्वितीय विश्व युद्ध में जापानी आक्रमण के दौरान खड़ी की गई इस बहादुर रेजिमेंट ने छह ‘बैटल ऑनर्स’ जीते और अपनी स्थापना के पहले तीन वर्षों में ही इसे थियेटर ऑनर 'बर्मा' भी मिला।

 1971 के भारत-पाक युद्ध के दौरान छंब सेक्टर में रेजीमेंट की पांचवीं बटालियन को ‘बैटल ऑनर’ से सम्मानित किया गया। इसे यह सम्मान हासिल वाली एकमात्र इंफैंट्री बटालियन होने की अद्वितीय गौरव प्राप्त है।

स्थापना के बाद से इस रेजीमेंट को सात ‘बैटल ऑनर्स’, तीन थियेटर ऑनर्स, नौ सेनाध्यक्ष यूनिट प्रशंसापत्र, 23 सैन्य कमांडर्स यूनिट प्रशंसापत्र, दो संयुक्त राष्ट्र प्रशंसापत्र और कई अन्य वीरता पुरस्कार से सम्मानित किया जा चुका है।

Post a Comment Blogger Disqus

 
Top